ये लगता हिजड़ों की है यहाँ सरकार दिल्ली में
कि नंगा नाच करती है हवस दिलदार दिल्ली में ...
तबाही का सबब है हर तरफ़ दहशत का मंज़र है
सुरक्षित है नहीं अब आप का घरबार दिल्ली में
बिखरने से बचा ले जो हमारे देश की इज्ज़त
नहीं ढूँढे से मिलता साहिबे किरदार दिल्ली में
रुदन है हर तरफ ही सब के चेहरे ग़म में डूबे हैं
कि जीना बेटियों का हो गया दुश्वार दिल्ली में
दिलों को रख दिया झिंजोड़ कर कुछ हादसों ने यूं
मची है हर तरफ अज्ञात हाहाकार दिल्ली में
कि नंगा नाच करती है हवस दिलदार दिल्ली में ...
तबाही का सबब है हर तरफ़ दहशत का मंज़र है
सुरक्षित है नहीं अब आप का घरबार दिल्ली में
बिखरने से बचा ले जो हमारे देश की इज्ज़त
नहीं ढूँढे से मिलता साहिबे किरदार दिल्ली में
रुदन है हर तरफ ही सब के चेहरे ग़म में डूबे हैं
कि जीना बेटियों का हो गया दुश्वार दिल्ली में
दिलों को रख दिया झिंजोड़ कर कुछ हादसों ने यूं
मची है हर तरफ अज्ञात हाहाकार दिल्ली में