क्या बात है, क्या बात है, क्या बात है
हर बात में अर्थात है, क्या बात है
ये सूरते हालात जो तुम को मिली
अल्लाह की सौगात है, क्या बात है
चश्मे बसीरत है बहुत रौशन तभी
रौशन तुम्हारी ज़ात है, क्या बात है
तख़लीक़ में क्या अहमियत है फ़िक़्र की
सब तुम को मालूमात है, क्या बात है
शेरी अनासिर का तुम्हारा तब्सिरा
क्या बात है, क्या बात है, क्या बात है
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